• एक तरफ, पूरा देश महंगाई से जूझ रहा है और दूसरी तरफ, केंद्र सरकार ने खाने-पीने की वस्तुओं पर टैक्स लगाकर उसको और महंगा कर दिया है- अरविंद केजरीवाल
• मैं केंद्र सरकार से मांग करता हूं कि खाने-पीने की वस्तुओं पर जो जीएसटी लगाया गया है, इसको वापस लिया जाए- अरविंद केजरीवाल
• इतनी महंगाई के जमाने में देश में अकेला दिल्ली राज्य ऐसा है, जहां आम नागरिकों को हम लोग महंगाई से थोड़ी राहत दे रहे हैं- अरविंद केजरीवाल
• दिल्ली में हम मुफ्त शिक्षा-स्वास्थ्य, बिजली-पानी और महिलाओं को बसों में फ्री सफर की सुविधा दे रहे हैं, इससे हर परिवार को हर महीने 10-15 हजार रुपए का फायदा है- अरविंद केजरीवाल
• वर्ल्ड सिटी सम्मेलन में ‘‘दिल्ली मॉडल’’ के बारे में प्रस्तुत करने के लिए सिंगापुर की सरकार ने विशेष तौर पर मुझे बुलाया है- अरविंद केजरीवाल
• मैं कोई अपराधी तो हूं नहीं, एक चुना हुआ मुख्यमंत्री हूं मुझे सिंगापुर जाने से क्यों रोका जा रहा है, मेरी समझ के बाहर है?- अरविंद केजरीवाल
• सम्मेलन में दुनिया भर के बड़े-बड़े नेता ‘‘दिल्ली मॉडल’’ के बारे में सुनेंगे, इससे भारत का गौरव बढ़ेगा और देश का नाम होगा- अरविंद केजरीवाल
• एक आम नागरिक देश से बाहर जाने के लिए स्वतंत्र है, तो फिर चुना हुआ मुख्यमंत्री देश से बाहर क्यों नहीं जा सकता है?- अरविंद केजरीवाल
• जब देश की बात होती है, तब हमें अपनी पार्टीबाजी वाली राजनीति छोड़कर एकजुट होकर देश की तरक्की की बात करनी चाहिए- अरविंद केजरीवाल
• देश के अगले राष्ट्रपति को चुनने का आज चुनाव है, मैं उम्मीद करता हूं कि देश को सही और अच्छा राष्ट्रपति मिलेंगे- अरविंद केजरीवाल
नई दिल्ली, 18 जुलाई, 2022
मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार द्वारा खाने-पीने की वस्तुओं पर जीएसटी लगाने पर कहा कि एक तरफ, पूरा देश महंगाई से जूझ रहा है और दूसरी तरफ, केंद्र सरकार ने खाने-पीने की वस्तुओं पर टैक्स लगाकर उसको और महंगा कर दिया है। मैं केंद्र सरकार से मांग करता हूं कि इन वस्तुओं पर लगे जीएसटी को वापस लिया जाए। इतनी महंगाई के जमाने में देश में अकेला दिल्ली ऐसा राज्य है, जहां आम नागरिकों को हम लोग महंगाई से थोड़ी राहत दे रहे हैं। दिल्ली सरकार मुफ्त शिक्षा-स्वास्थ्य, बिजली-पानी और महिलाओं को बसों में फ्री सफर की सुविधा दे रही है। इससे हर परिवार को हर महीने 10-15 हजार रुपए का फायदा है। केंद्र से वर्ल्ड सिटी सम्मेलन में सिंगापुर जाने की अनुमति नहीं मिलने पर सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैं कोई अपराधी तो हूं नहीं, एक चुना हुआ मुख्यमंत्री हूं। मुझे सिंगापुर जाने से क्यों रोका जा रहा है, यह मेरी समझ के बाहर है। सीएम अरविंद केजरीवाल ने देश के अगले राष्ट्रपति के लिए हो रहे चुनाव को लेकर आज दिल्ली विधानसभा में वोट डाला और कहा कि मैं उम्मीद करता हूं कि देश को सही और अच्छा राष्ट्रपति मिलेंगे।
• मैं केंद्र सरकार से निवेदन करूंगा कि खाने-पीने पर जीएसटी लगाना सही नहीं है, इसको वापस लिया जाए- अरविंद केजरीवाल
मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल के साथ सभी मंत्रियों और विधायकों ने देश के अगले राष्ट्रपति को चुनने के लिए हो रहे चुनाव में आज दिल्ली विधानसभा में मतदान किया। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अपना वोट डालने के उपरांत कहा कि देश के अगले नए राष्ट्रपति को चुनने का आज चुनाव है। सभी मतदाता एमपी और विधायक वोट डाल रहे हैं। मैंने भी अभी अपना वोट डाला है। मैं उम्मीद करता हूं कि देश को सही और अच्छा राष्ट्रपति मिलेंगे। इस दौरान, केंद्र सरकार द्वारा खाने-पीने की वस्तुओं जीएसटी लगाने पर मीडिया के सवालों पर सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि यह बहुत ही दुख की बात है। एक तरफ, पूरा देश महंगाई से जूझ रहा है। पूरे देश के अंदर बहुत ज्यादा महंगाई हो गई है। दूसरी तरफ केंद्र सरकार ने खाने-पीने की वस्तुओं पर टैक्स लगाकर उसको और महंगा कर दिया है। मैं केंद्र सरकार से मांग करूंगा कि यह जो खाने-पीने की वस्तुओं पर जीएसटी लगाया गया है, इसको वापस लिया जाए। आज देश में अकेला दिल्ली राज्य ऐसा है, जहां आम नागरिक को हम लोग महंगाई से थोड़ी राहत दे रहे हैं। उनके बच्चों की शिक्षा फ्री और अच्छी कर रखी है। सभी लोगों का इलाज मुफ्त और अच्छा होता है। सबकी बिजली मुफ्त कर दी है। सबका पानी मुफ्त कर रखा है। महिलाओं का बसों में सफर मुफ्त कर रखा है। दिल्ली में योग मुफ्त सीखा रहे हैं और तीर्थ यात्रा मुफ्त करा रहे हैं। इन सारी चीजों को जोड़ कर देखें तो हर परिवार को हर महीने कम से कम 10 से 15 हजार रुपए फायदा है। इतनी महंगाई के जमाने में दिल्ली सरकार ही है, जो अपनी जनता को महंगाई से थोड़ी सी राहत दे रही है। मैं केंद्र सरकार से निवेदन करूंगा कि खाने-पीने पर जीएसटी लगाना सही नहीं है। इसको वापस लिया जाए।
• केंद्र सरकार को सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए सिंगापुर जाने से रोकना नहीं चाहिए, यह अच्छी बात नहीं है- अरविंद केजरीवाल
सिंगापुर में आयोजित होने जा रहा वर्ल्ड सिटी सम्मेलन में शिरकत करने की केंद्र सरकार द्वारा अनुमति नहीं दिए जाने के सवाल पर सीएम श्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैं कोई अपराधी तो हूं नहीं। एक चुना हुआ मुख्यमंत्री हूं और इस देश का आजाद नागरिक हूं। मुझे सिंगापुर जाने से क्यों रोका जा रहा है, मेरी समझ के बाहर है? मैं समझता हूं कि सिंगापुर में हो जा रहे इस सम्मेलन में दुनिया भर के बहुत बड़े-बड़े नेता आएंगे। दिल्ली में शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में जो क्रांति हुई है और दिल्ली में अलग-अलग क्षेत्रों में जो तरक्की हुई है, उस दिल्ली मॉडल के बारे में वहां पर प्रस्तुत करने के लिए सिंगापुर की सरकार ने विशेष तौर पर मुझे बुलाया है। इस सम्मेलन में दुनिया भर के नेता दिल्ली मॉडल के बारे में सुनेंगे। इससे देश का गौरव बढ़ेगा और इससे देश का नाम होगा। दिल्ली मॉडल की चर्चा पूरी दुनिया में हो रही है। जब अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति ट्रम्प साहब दिल्ली आए थे, तो उनके साथ उनकी धर्मपत्नी मिलेनिया ट्रम्प भी आई थीं। मिलेनिया ट्रम्प ने दिल्ली सरकार के स्कूलों के बारे में सुना था। वो दिल्ली के स्कूल देखने गईं और दिल्ली की शिक्षा क्रांति के बारे में काफी तारीफ कीं। इससे पहले नार्वे की पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती हार्लेम ब्रंुडलैंड दिल्ली के मोहल्ला क्लीनिक देखने के लिए आईं। यूएन के पूर्व महासचिव बान की मून साहब दिल्ली के मोहल्ला क्लीनिक देखने के लिए आए। यह तो देश के लिए गर्व की बात है, अच्छी बात है। हमें तो इसको और उत्साहित करना चाहिए। केंद्र सरकार को ऐसी चीजों को रोकना नहीं चाहिए। यह अच्छी बात नहीं है।
• मेरे सिंगापुर जाने को लेकर राजनीति हो रही है, इसके अलावा और कोई कारण नजर नहीं आ रहा है- अरविंद केजरीवाल
मीडिया के सवाल का जवाब देते हुए सीएम अरविदं केजरीवाल ने कहा कि जाहिर तौर पर राजनीति हो रही है। इसके अलावा वैधानिक तौर पर तो और कोई कारण नजर नहीं आ रहा है। ऐसा तो है नहीं कि कोर्ट ने मेेरे जाने पर रोक लगा रखी है। मैंने कोई अपराध कर रखा है। किसी तरह की कोई रोक नहीं है। एक आम नागरिक भी तो देश से बाहर जाने के लिए स्वतंत्र है। तो फिर चुना हुआ मुख्यमंत्री क्यों नहीं जा सकता है। मैं जिस काम के लिए जा रहा हूं, उससे देश का गौरव ही बढ़ेगा। मैं तो वैसे ही विदेशों में ज्यादा नहीं जाता हूं। जब से मैं मुख्यमंत्री बना हूं, तब से विदेश का एक-दो दौरा ही किया हूं। जब देश की बात होती है, देश का नाम रौशन होने जा रहा है, देश की तरक्की की बात हो रही है। तब मुझे लगता है कि हमें अपने पार्टीबाजी वाली राजनीति छोड़कर एकजुट होकर देश की तरक्की की बात करनी चाहिए।