• सीमांचल एक्सप्रेस/ संवाददाता सुनील कुमार सैन
नई दिल्ली, 3 फरवरी 2023, दिल्ली के वन एवं पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने आज असोला भाटी अभ्यारण के अंतर्गत नीली झील इको टूरिज्म स्थल का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि दिल्ली के अंदर पर्यावरण को बेहतर बनाने और प्रदूषण स्तर को नियंत्रित करने के साथ साथ इको फ्रेंडली टूरिज्म स्थल विकसित करने को लेकर माननीय मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल के नेतृत्व में दिल्ली सरकार हर उचित कदम उठा रही हैं | इसी दिशा में आज विश्व आद्र्ता दिवस के अवसर पर केजरीवाल सरकार की तरफ से दिल्लीवालों को नीली झील इको टूरिज्म स्थल के रूप में यह भेंट दी जा रही है | दिल्ली के लोग परिवारों के साथ आकर यहां की प्राकृतिक सुंदरता का आंनद ले सकते हैं।
वन एवं पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने बताया कि नीली झील को इको टूरिज्म स्थल के रूप में विकसित किया गया है। जिसके लिए यहाँ पर पर्यटको के लिए बनाई गई सभी सुविधाओं में इकोफ्रेंडली मैटेरियल का इस्तेमाल किया गया है। उदहारण के लिए यहां पर सोलर सिस्टम द्वारा संचालित चार कृत्रिम झरने विकसित किए गए है | साथ ही यहाँ पर्यटकों के लिए एक सेल्फी प्वाइंट भी बनाया गया है। इसके साथ साथ पर्यटकों के लिए गोल्फकार्ट एवं इलेक्ट्रिक साईकिल की व्यवस्था उपलब्ध कराने और नीली झील के पास एक इको फ्रेंडली कैफेटेरिया का निर्माण करने के लिए विभाग के अधिकारियो को भी निर्देश जारी किए गए है | उन्होंने नीली झील के बारे में अधिक जानकारी देते हुए बताया कि नीली झील के आस-पास 40 हेक्टेयर क्षेत्र में इकोफ्रेडली विकास का काम किया गया है | और अन्य सुविधाओं के अलावा इस क्षेत्र में पेड़ों और उनके महत्व के बारे में पर्यटकों को शिक्षित करने के लिए साइनेज की भी व्यवस्था की गई है।
*-नीली झील पर विकसित किए गए चार कृत्रिम झरने*
वन एवं पर्यवरण मंत्री गोपाल राय ने बताया कि नीली झील की गहराई 100 फीट है और यहाँ विभाग द्वारा चार कृत्रिम झरने विकसित किए गए हैं जो सोलर सिस्टम से चलते हैं। इन झरनों की खास बात यह है कि 100 फीट ऊँची जगह से पानी नीचे झील में पहुँचता है। कृत्रिम झरने के कारण नीली झील की सुंदरता काफी दर्शनीय हो गई है।
*- नीली झील के पास किया गया सेल्फी प्वांइट का निर्माण*
पर्यटकों की सुरक्षा का ध्यान रखते हुए नीली झील के आस-पास दर्शकों के देखने के लिए सुरक्षित स्थान बनाया गया है और कृत्रिम झरने के पास ही सेल्फी प्वाइंट भी बनाया गया है। जिससे लोग अपनी यादों को कैमरे में कैद कर सकते हैं | साथ ही साथ सेल्फी प्वाइंट पर जाकर सेल्फी भी ले सकते हैं।
*- पर्यटकों के लिए गोल्फकार्ट एवं इलेक्ट्रिक साईकिल की व्यवस्था जल्द उपलब्ध कराने के दिए गए निर्देश*
वन एवं पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने पर्यटकों के लिए गोल्फ कार्ट एवं इलेक्ट्रिक साईकिल की व्यवस्था करने के निर्देश विभाग के अधिकारियो को जारी किए है | उन्होंने बताया कि जब तक यह व्यवस्था नहीं हो जाती तबतक पर्यटक अपने निजी वाहन से यहां आकर इसकी प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले सकते हैं। नीली झील पर आने के लिए मुख्य तीन द्वार है। पहला तुगलकाबाद जो उपवन संरक्षक (दक्षिणी) कार्यालय के पास है, दूसरा गेट न. 10, जो कि छतरपुर होते हुए शनिधाम रोड पर स्थित है और तीसरा गेट नं. 7, जो कि गुरू जी मंदिर होते हुए अभ्यारण के अंदर को आता है | असोला भाटी वन्य जीवन अभ्यारण्य स्थित नीली झील इको टूरिज्म स्थल के प्रवेश द्वारा पर ही टिकट लेकर पर्यटक इस मनोरम स्थल का आनंद ले सकते हैं। आगे ऑनलाइन टिकट लेने की व्यवस्था भी की जाएगी।
*-नीली झील के पास इको फ्रेंडली कैफेटेरिया के इंतजाम के दिए गए निर्देश*
श्री गोपाल राय ने वन विभाग के द्वारा अधिकारियों को निर्देश दिए गए है कि वे नीली झील के पास इको फ्रेंडली कैफेटेरिया के इंतजाम करें ताकि पर्यटकों को यहां पर घूमने में किसी प्रकार की कोई दिक्कत न हो।
*- नीली झील पर पर्यटको के लिए बनाए गए सभी सुविधाओं में इकोफ्रेंडली मैटेरियल का हुआ है इस्तेमाल*
वन एवं पर्यावरण मंत्री ने बताया कि नीली झील के पास पर्यटन के लिए जितने भी निर्माण किए गए वे सभी लकड़ी, बांस आदि प्राकृतिक वस्तुओं से किए गए है।
पर्यावरण एवं वन मंत्री गोपाल राय ने विभाग के अधिकारियों को नीली झील के लिए बधाई देते हुए कहा कि हमारी सरकार दिल्ली के लोगों को ऐसी जगह देना चाहती हैं जहॉं लोग प्रकृति का आनंद ले सकें और साथ-ही आने वाली पीढ़ी को भी प्रकृति के बारे में जागरूक कर सके। केजरीवाल सरकार दिल्ली को और बेहतर बनाने तथा इकोलॉजिकल सुरक्षा के आधार पर दिल्ली का विकास करने के लिए तत्पर हैं |

